JAGJIT SINGH

  • GHAZALS, JAVED AKHTAR , GULZAR

बुधवार, 8 मार्च 2023

"तुम करती ही क्या हो?"इस वाक्य की पीड़ा को अंतर में सहेजे,चेहरे पर मुस्कान सजाए,खुद के सपनों को अपनो में समेटकर,जीने का नाम ही नारी है।जिसकी हर कोशिश में समाई,यह सृष्टि सारी है।स्त्री शक्ति को :महिला दिवस की ढेर सारी शुभ कामनाएं।

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