कुछ लोग शायरी की वजह बनकर आते हैं।
कुछ जाते हुए खुद शायरी बनकर जाते हैं।
कुछ लोग अपनी शख्सियत से दिल में घर कर जाते हैं।
कुछ अपनी फितरत से,दिल से उतर जाते हैं।
सोच-ओ-फितरत तो बदलकर देखो-2
हर नज़र में फिर आप नजर आते हैं।
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