JAGJIT SINGH

  • GHAZALS, JAVED AKHTAR , GULZAR

शनिवार, 22 अप्रैल 2023

क्या माँगू मैं अपने लिए ख़ुदा से,बिन माँगे ही उसने बहुत कुछ दे दिया है।शायद किस्मत में भी नहीं था उतना,जितना उसने दामन मेरा भर दिया है।

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